टेस्टोस्टेरोन हार्मोन कैसे बढ़ाये
Written by Dr. Anvi Dogra
Dr. Anvi Dogra is a medical writer and healthcare professional with a doctoral background in clinical sciences. She leverages her medical training to produce deeply researched, people first content across the wellness industries. With a "360-degree" understanding of the healthcare industry, Dr. Anvi focuses on bridge-building between clinical data and patient wellness. Known for her ability to make complex medical topics accessible and engaging, Dr. Anvi ensures that all health information is grounded in clinical evidence.
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September 4, 2025
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टेस्टोस्टेरोन एक ज़रूरी हॉर्मोन है जो पुरुषों की ताकत, ऊर्जा, मूड और यौन स्वास्थ्य से जुड़ा होता है। उम्र बढ़ने, गलत जीवनशैली, तनाव या खराब खानपान से इसकी कमी हो सकती है। हल्की कमी होने पर घरेलू और प्राकृतिक उपाय जैसे पौष्टिक आहार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और हर्बल सप्लीमेंट मददगार साबित हो सकते हैं। लेकिन अगर कमी ज़्यादा है और लक्षण रोज़मर्रा की जिंदगी को प्रभावित कर रहे हैं, तो डॉक्टर की सलाह से मेडिकल इलाज या TRT जैसी थेरेपी ज़रूरी हो सकती है। सबसे अहम बात यह है कि चाहे आप घरेलू नुस्खे अपनाएँ या नेचुरल सप्लीमेंट लें, सबकुछ डॉक्टर की गाइडेंस में ही करना सुरक्षित और असरदार रहेगा।
टेस्टोस्टेरोन एक ऐसा हॉर्मोन है जो पुरुषों की मर्दानगी, यौन शक्ति, मसल्स, हड्डियों और ऊर्जा से सीधा जुड़ा होता है। उम्र बढ़ने या गलत जीवनशैली के कारण जब इसका स्तर गिरने लगता है, तो इसका असर सबसे पहले सेक्स लाइफ और शरीर की ताकत पर दिखता है। अच्छी बात यह है कि टेस्टोस्टेरोन को बढ़ाने के कई नेचुरल तरीके मौजूद हैं: जैसे सही खानपान, एक्सरसाइज, तनाव कम करना और कुछ हर्बल उपाय। इस आर्टिकल में हम विस्तार से जानेंगे कि टेस्टोस्टेरोन क्या है, इसके कम होने के लक्षण क्या हैं, कौन-सी चीज़ें और आदतें इसे नेचुरली बढ़ा सकती हैं, और जरूरत पड़ने पर कौन से इलाज उपलब्ध हैं।
टेस्टोस्टेरोन कम होने के लक्षण
अगर शरीर में टेस्टोस्टेरोन की कमी हो जाए तो इसके असर सबसे पहले ऊर्जा और यौन स्वास्थ्य पर दिखने लगते हैं। टेस्टोस्टेरोन लेवल गिरने पर ये लक्षण दिख सकते हैं [1]:
- सेक्स की इच्छा कम होना या पूरी तरह खत्म हो जाना
- इरेक्शन की समस्या (लिंग का खड़ा न होना)
- स्पर्म काउंट या सीमन की मात्रा कम होना
- दिनभर थकान और सुस्ती महसूस होना
- बाल झड़ना और दाढ़ी पतली होना
- मसल्स और हड्डियों की कमजोरी
- मूड खराब रहना या डिप्रेशन
Allo asks
"क्या आपने कभी टेस्टोस्टेरोन की कमी महसूस की है?
टेस्टोस्टेरोन कम होने के कारण
टेस्टोस्टेरोन लवेल कई वजहों से गिर सकता है। यह हमेशा सिर्फ उम्र बढ़ने की वजह से नहीं होता, बल्कि गलत आदतें और हेल्थ प्रॉब्लम्स भी इसके पीछे जिम्मेदार हो सकती हैं।
मुख्य कारण ये हो सकते हैं:
उम्र बढ़ना – 30 साल की उम्र के बाद ज्यादातर पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन धीरे-धीरे कम होना शुरू हो जाता है।
तनाव और डिप्रेशन – लगातार स्ट्रेस से कॉर्टिसोल हॉर्मोन बढ़ता है, जो टेस्टोस्टेरोन को दबा देता है।
गलत खानपान – जंक फूड, ज्यादा शुगर और अल्कोहल टेस्टोस्टेरोन को घटाते हैं।
एक्सरसाइज न करना – बैठे-बैठे की लाइफस्टाइल से मसल्स कमजोर होती हैं और हॉर्मोन लेवल गिरता है।
नींद की कमी – 7–8 घंटे की नींद न लेने पर शरीर कम टेस्टोस्टेरोन बनाता है।
मोटापा – ज्यादा चर्बी (फैट) टेस्टोस्टेरोन को एस्ट्रोजन में बदल देती है, जिससे लेवल घटता है।
हेल्थ प्रॉब्लम्स – डायबिटीज, हार्ट डिजीज, थायरॉइड और कुछ दवाइयाँ भी टेस्टोस्टेरोन घटा सकती हैं।
स्मोकिंग और शराब – ये दोनों टेस्टोस्टेरोन प्रोडक्शन को सीधे तौर पर नुकसान पहुंचाते हैं।
टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने के घरेलू और नेचुरल उपाय
अगर शरीर में टेस्टोस्टेरोन की कमी बहुत ज्यादा नहीं है, बल्कि हल्की या सामान्य है, तो दवाइयों की बजाय घरेलू और नेचुरल उपाय अपनाना सबसे अच्छा ऑप्शन होता है। इनका फायदा यह है कि ये लंबे समय तक असर करते हैं, शरीर को अंदर से मजबूत बनाते हैं और इनके कोई बड़े साइड इफेक्ट्स भी नहीं होते। आइए एक-एक करके जानते हैं कि आप किन आदतों और खानपान से अपने टेस्टोस्टेरोन को नेचुरली बढ़ा सकते हैं।
तनाव कम करें
तनाव यानी स्ट्रेस शरीर में कॉर्टिसोल हॉर्मोन बढ़ा देता है, जो टेस्टोस्टेरोन का सबसे बड़ा दुश्मन है। रोज़ाना योग, ध्यान और प्राणायाम करने से तनाव कम होता है और हॉर्मोन बैलेंस सही रहता है।
बैलेंस्ड डाइट लें
खानपान टेस्टोस्टेरोन बनाने में सीधा रोल निभाता है। प्रोटीन, हेल्दी फैट्स और फाइबर का बैलेंस्ड डाइट शरीर को सही पोषण देता है।
टेस्टोस्टेरोन बूस्टर फूड्स
कुछ खास फूड्स टेस्टोस्टेरोन लेवल को नेचुरली बढ़ाने में मदद करते हैं।
- एवोकाडो – विटामिन E और बोरॉन से भरपूर, हॉर्मोन हेल्थ को सपोर्ट करता है।
- जामुन और चेरी – एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर, सूजन कम करके टेस्टोस्टेरोन बढ़ाते हैं।
- हरी पत्तेदार सब्जियां – पालक, ब्रोकोली और केल में मैग्नीशियम होता है जो टेस्टोस्टेरोन बनाने में मदद करता है।
- अदरक – स्पर्म क्वालिटी और टेस्टोस्टेरोन लेवल सुधारने में मददगार।
- प्याज – एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर, यह प्राकृतिक टेस्टोस्टेरोन बूस्टर माना जाता है।
- दूध और दुग्ध उत्पाद – कैल्शियम और विटामिन D हॉर्मोन हेल्थ के लिए जरूरी।
- समुद्री मछली – इसमें मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड और जिंक टेस्टोस्टेरोन लेवल को मजबूत करते हैं।
- अनार – ब्लड सर्कुलेशन सुधारकर टेस्टोस्टेरोन को बढ़ावा देता है।
- अंडे – प्रोटीन और सेलेनियम टेस्टोस्टेरोन के लिए फायदेमंद।
- जैतून का तेल – हेल्दी फैट्स और विटामिन E से युक्त, जो हॉर्मोन प्रोडक्शन को सपोर्ट करता है।
हर्बल उपाय
भारत में सदियों से कुछ आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियों को टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने और यौन शक्ति सुधारने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।
- अश्वगंधा – तनाव कम करके और ऊर्जा बढ़ाकर टेस्टोस्टेरोन को प्राकृतिक रूप से बढ़ाती है।
- शिलाजीत – इसमें मौजूद फुल्विक एसिड और मिनरल्स हॉर्मोन लेवल को सपोर्ट करते हैं।
- माका रूट – पारंपरिक कामोत्तेजक, यौन इच्छा और टेस्टोस्टेरोन लेवल दोनों में मददगार।
लाइफस्टाइल चेंजेस
सिर्फ खानपान ही नहीं, बल्कि पूरी लाइफस्टाइल का टेस्टोस्टेरोन पर असर पड़ता है।
- रोज़ाना एक्सरसाइज करें, खासकर वेट ट्रेनिंग और स्क्वैट्स जैसे व्यायाम।
- सुबह धूप में बैठें, ताकि विटामिन D मिले।
- वजन को कंट्रोल में रखें।
- नींद पूरी लें (कम से कम 7–8 घंटे)।
- शराब और धूम्रपान से दूरी बनाएं।
टेस्टोस्टेरोन हार्मोन बढ़ाने के लिए मेडिकल इलाज
कई बार घरेलू और प्राकृतिक उपायों से भी टेस्टोस्टेरोन लेवल ठीक नहीं होता। ऐसे मामलों में डॉक्टर टेस्टोस्टेरोन रिप्लेसमेंट थेरेपी (TRT) की सलाह दे सकते हैं। यह एक मेडिकल ट्रीटमेंट है जिसमें बाहर से शरीर में टेस्टोस्टेरोन दिया जाता है ताकि इसकी कमी पूरी हो सके।
TRT कैसे दी जाती है?
TRT कई तरीकों से दी जा सकती है [2]:
- इंजेक्शन – सीधा मांसपेशी में लगाया जाता है।
- जेल या क्रीम – इसे स्किन पर लगाकर शरीर में टेस्टोस्टेरोन पहुंचाया जाता है।
- पैच – स्किन पर चिपकाए जाते हैं, धीरे-धीरे हॉर्मोन रिलीज करते हैं।
- पिलेट (Pellets) – छोटे-छोटे कैप्सूल जैसे दाने स्किन के नीचे लगाए जाते हैं, जो कुछ महीनों तक टेस्टोस्टेरोन छोड़ते रहते हैं।
TRT के साइड इफेक्ट्स
TRT हमेशा डॉक्टर की सलाह से दी जाती है और जल्दी असर करती है। हालांकि इसके साइड इफेक्ट्स भी हो सकते हैं जैसे [3]:
- वजन बढ़ना
- पिंपल्स होना
- ब्लड क्लॉट्स का खतरा
- हार्ट डिजीज का रिस्क
TRT हर किसी के लिए नहीं है। यह तभी दी जाती है जब टेस्टोस्टेरोन लेवल बहुत कम हो और नेचुरल तरीके असर न दिखा रहे हों। इसलिए TRT शुरू करने से पहले खून की जांच और डॉक्टर की सलाह बेहद जरूरी है।
निष्कर्ष
टेस्टोस्टेरोन केवल यौन शक्ति से जुड़ा हॉर्मोन नहीं है, बल्कि यह आपके पूरे शरीर की ताकत, हड्डियों की मजबूती, मसल्स, ऊर्जा और आत्मविश्वास को प्रभावित करता है। अगर इसकी कमी हल्की है तो सही खानपान, नियमित व्यायाम, तनाव कम करना और हर्बल उपाय आपके लिए काफी हो सकते हैं। लेकिन अगर कमी ज्यादा है और रोज़मर्रा की जिंदगी पर असर डाल रही है, तो डॉक्टर की सलाह लेकर मेडिकल इलाज जैसे TRT अपनाना जरूरी हो सकता है। और याद रखें, चाहे आप नेचुरल सप्लीमेंट्स ही क्यों न ले रहे हों, उन्हें भी हमेशा डॉक्टर की देखरेख में ही लेना सुरक्षित होता है।
Disclaimer
निम्नलिखित लेख विभिन्न विषयों पर सामान्य जानकारी प्रदान करता है। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि प्रस्तुत की गई जानकारी किसी विशिष्ट क्षेत्र में पेशेवर सलाह के रूप में नहीं है। यह लेख केवल शैक्षिक और सूचनात्मक उद्देश्यों के लिए है। इस लेख को किसी भी उत्पाद, सेवा या जानकारी के समर्थन, सिफारिश या गारंटी के रूप में नहीं समझा जाना चाहिए। पाठक इस ब्लॉग में दी गई जानकारी के आधार पर लिए गए निर्णयों और कार्यों के लिए पूरी तरह स्वयं जिम्मेदार हैं। लेख में दी गई किसी भी जानकारी या सुझाव को लागू या कार्यान्वित करते समय व्यक्तिगत निर्णय, आलोचनात्मक सोच और व्यक्तिगत जिम्मेदारी का प्रयोग करना आवश्यक है।
Most Asked Questions
टेस्टोस्टेरोन जल्दी कैसे बढ़ाएं?
संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, पर्याप्त नींद और तनाव कम करने से टेस्टोस्टेरोन जल्दी बढ़ाया जा सकता है।
लड़कों में कम टेस्टोस्टेरोन के लक्षण क्या हैं?
थकान, मांसपेशियों की कमजोरी, मूड खराब रहना और यौन इच्छा कम होना इसके सामान्य लक्षण हैं।
कौन सा विटामिन टेस्टोस्टेरोन बढ़ाता है?
विटामिन D, विटामिन B और जिंक टेस्टोस्टेरोन के स्तर को बढ़ाने में मदद करते हैं।
पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन कैसे बनता है?
पुरुषों में यह मुख्य रूप से अंडकोष (testes) में बनता है और मस्तिष्क से मिलने वाले सिग्नल इसे नियंत्रित करते हैं।
टेस्टोस्टेरोन हार्मोन कैसे बढ़ाये पतंजलि से?
पतंजलि के हर्बल सप्लीमेंट जैसे अश्वगंधा, शिलाजीत और मुसली टेस्टोस्टेरोन बढ़ाने में मदद कर सकते हैं, लेकिन इन्हें डॉक्टर की सलाह से ही लेना चाहिए।